खजूर के लड्डू Khajur ke ladoo

जन्माष्टमी पर कई तरह के पकवान बनाकर श्रीकृष्ण जी को भोग लगाया जाता है। इस बार खजूर के लड्डू बनाइये और श्रीकृष्ण जी को भोग लगाइए खजूर के लड्डू बहुत ही हेल्दी और टेस्टी होते हैं। इसे बनाना बहुत ही आसान है और समय भी कम लगता है, तो चलिए शुरु करते हैं इसे बनाना.... 

सामग्री   Ingridrient
500 ग्राम खजूर
1/4 कप बादाम
1/4 कप काजू
1/4 कप मखाना
1 कप कसा नारियल
1/4 कप सफेद तिल 
4 टेबल स्पून खसखस
2 टेबल स्पून घी
1/4 टीस्पून इलायची पाउडर

बनाने की विधि    Method
सबसे पहले खजूर को धोकर पानी सुखा लें। खजूर के बीज निकाल कर खजूर को छोटे- छोटे टुकड़े में काट लें। बादाम और काजू को छोटे- छोटे टुकड़े में काट ले।मखाने को भी काट लें। 
अब कढ़ाही गरम करके तिल को भून लें। फिर एक- एक करके सारे ड्राई फ्रूट को भून लें। 
खजूर को मिक्सर जार में डालकर दरदरा पीस लें। 
अब कढ़ाही में घी डालकर गरम करें। इसमें खजूर का पेस्ट डालकर 4-5 मिनट नमी खत्म होने तक भून लें।खजूर धीरे- धीरे कढ़ाही के किनारे छोड़ने लगेगा। अब इसमें सारे ड्राई फ्रूट, तिल, खसखस और इलायची पाउडर डालकर अच्छी तरह से मिक्स कर लें। 
इसे थोड़ा ठंडा होने दें। 
हथेली पर थोड़ा घी लगाकर चिकना कर लें। मिश्रण में से नींबू के बराबर मिश्रण लेकर छोटे- छोटे लड्डू बना लें। 
खजूर के लड्डू को एअर टाइट कन्टेनर में भरकर 1 महीने तक खा सकते हैं। 

परवल की मिठाई Parwal Ki Mithai

रक्षाबंधन के मौके पर कई तरह के पकवान बनाये जाते हैं, विशेष रूप से मिठाई इस रक्षाबंधन परवल की मिठाई बनाये, जो बनाने में बहुत ही आसान है और सबको पसंद भी आयेगी। परवल की मिठाई बनाने में बहुत ही कम सामाग्री और समय लगता है तो चलिए शुरु करते हैं इसे बनाना... 

सामाग्री  Ingredients
250 ग्राम परवल
150 ग्राम चीनी
100 ग्राम मावा
2 टेबल स्पून चीनी पाउडर 
2 टेबल स्पून बादाम
1/4 टीस्पून इलायची पाउडर
15 केसर (वैकल्पिक) 
बनाने की विधि – Method
सबसे पहले परवल को अच्छी तरह से धोकर छिल लें। परवल को लम्बाई की तरफ से इस तरह से काटे कि दोनों किनारे सटे रहे। अब चाकू की सहायता से परवल के अंदर से गूदे को ध्यानपूर्वक निकाल लें। एक बार उँगली की सहायता से चैक कर लें कि बीज पूरी तरह से निकल गए हैं कि नहीं। 
किसी बर्तन में पानी उबलने के लिए रख दें। जब पानी में उबाल आने लगे तब परवल को पानी में डाल दें। 5 मिनट बाद गैस बंद कर दें। परवल को ढककर पानी में ही 5 मिनट तक रहने दें। 5 मिनट बाद परवल को छलनी में छान लें। इसे तिरछा करके रख दें ताकि एक्स्ट्रा पानी निकल जाए। 
अब चाशनी बनाएँगे इसक लिए किसी बर्तन में चीनी और 3/4 कप पानी डालकर पकने के लिये गैस पर रख दें। चीनी के घुलने तक इसे चलाते रहें। चाशनी ज्यादा गाढ़ी नहीं बनानी है। हमें एक तार की चाशनी बनानी है। इसे उंगलियों के बीच चिपका कर देखे की एक तार बन रही है कि नहीं अगर एक तार बन रही है तो चाशनी तैयार है यदि एक तार नही बन रही है तो थोड़ी देर और पका लें। 
परवल को चाशनी में डाल दें और तब तक पकने दें जब तक कि परवल का रंग बदल न जाये। बीच में एक बार परवल को पलट दें। इसमें लगभग 10 मिनट लगता है। 
परवल को ढककर 1 घण्टे के लिए चाशनी में ही रहने दें। अब स्टफिंग बनाएँगे। एक पैन में मावा डाल कर धीमी आँच पर गुलाबी होने तक भून लें। बादाम को मिक्सी में दरदरा पीस लें। मावा में बादाम, इलायची पाउडर,और चीनी पाउडर डाल कर मिक्स कर लें। स्टफिंग भरने के लिए तैयार है।
1घण्टे बाद परवल को चाशनी से निकाल कर किसी प्लेट में रख दें ताकि एक्स्ट्रा चाशनी निकल जाये। 
एक परवल को उठाईये उसमे 1चम्मच स्टफिंग भरिए। इसी तरह से सारे परवल भर कर तैयार कर लीजिए।ऊपर से कटे हुए बादाम व केसर से गर्निश करके सर्व करें। 
परवल की मिठाई को फ्रिज में रखकर 1 हफ्ते तक खा सकते हैं। 
सुझाव 
परवल ताजा व बड़े आकार के ही चुनें। 
ड्राई फ्रुट्स अपने मनपसंद के भी डाल सकती हैं। 

सांभर - Sambhar

सांभर एक साउथ इंडियन डिश है, लेकिन अब यह पूरे भारत में लोकप्रिय हो गया है। सांभर बहुत ही टेस्टी व हेल्दी डिश है क्योंकि इसे अरहर की दाल व कई तरह के सब्जियों को डालकर बनाया जाता है। जो कि प्रोटीन व विटामिन्स से भरपूर होता है। सांभर को इडली, डोसा, बडा व चावल के साथ भी खाया जाता है। सांभर बनाना बहुत ही आसान है तो चलिए शुरु करते हैं सांभर बनाना.... 

समाग्री  Ingredients
1/2 कप अरहर की दाल
2-3 टमाटर
2 हरी मिर्च
1 इंच अदरक का टुकड़ा
10-12 बीन्स
1-2 बैंगन
150 ग्राम लौकी
1-2 सहजन
2 टेबल स्पून हरा धनिया 
10-12 करी पत्ता
1/4 टीस्पून हल्दी 
1/4 टीस्पून मेथी
1/2 टीस्पून राई
1 पिंच हींग
2 टेबल स्पून इमली का पल्प
नमक स्वादनुसार
3 टेबल स्पून तेल

मसाला बनाने के लिए
1टीस्पून चना दाल
1टीस्पून उड़द दाल
1/2 टी स्पून मेथी
1/2 टीस्पून जीरा
1/2 टीस्पून सरसो 
2 टीस्पून साबुत धनिया
2 लाल मिर्च
8-10 काली मिर्च
2 बड़ी इलायची
2-4 लौंग
1/2 इंच का टुकड़ा दालचीनी

बनाने की विधि   Method
सबसे पहले दाल धोकर आधे घण्टे के लिए भिगोकर रख दें। कुकर में दाल, हल्दी, एक कप पानी और नमक डाल कर गैस पर मीडियम आँच पर रख दें। 2 सीटी आने के बाद गैस बंद कर दें। प्रेशर खत्म होने के बाद दाल को मैश कर लें। 
अब सब्जियों को धोकर छोटे छोटे टुकड़े में काट लें।किसी पैन में सारी सब्जियां,थोड़ा सा नमक और एक कप पानी डाल कर हल्का नरम होने तक उबलने के लिए ढक कर मीडियम आँच पर रख दें। 
जब तक सब्जियां उबल रही हैं तबतक मसाले तैयार कर लेते हैं, इसके लिए पैन या फिर किसी तवे पर मसाले बनाने की सारी समाग्री को डाल कर धीमी आँच पर भून लें। इन्हें किसी प्लेट में निकाल कर ठण्डा होने के लिये रख दें। ठण्डा होने के बाद मिक्सी के जार में डालकर महीन पीस लें। 
अब सब्जियों को चैक कर लें सब्जी नरम हो गयी हैं तो गैस बन्द कर दें नहीं तो 1-2 मिनट और पका लें। 
एक गहरे पैन में तेल डाल कर गरम करें सरसों और मेंथी डालकर चटकाये। करी पत्ते और हींग भी डाल दें। इसमें हरी मिर्च, अदरक और टमाटर डालकर भूनें। अब इसमें पीसे हुए मसाले डालकर तेल अलग होने तक मीडियम आँच पर भूनें। इसमें पकी हुई सब्जी और 2 कप पानी डालकर ढक कर उबलने दें। अब इसमें दाल, इमली का पल्प और एक कप पानी डालकर उबलने दें। उबाल आने के बाद ढक कर धीमी आँच पर 5 मिनट और पका लें। 
गैस बन्द कर दें। कटी हुई हरी धनिया मिला दें। आपका सांभर बन कर तैयार है, इसे इडली या डोसा के साथ गरमा गर्म सर्व करें। 

सुझाव 
1.सांभर में आप अपनी मनपसंद सब्जियां डाल सकती हैं। 
2.प्याज डालना चाहती हैं तो मसाले भूनने समय एक बारीक कटे प्याज को टमाटर के साथ ही भून लें। 
3.वैसे तो दाल व सब्जी का साथ डालकर ही सांभर बनाया जाता है। आप चाहें तो सब्जियों को उबालने की जगह हल्का भून लें। फिर मसाला भूनने के बाद सब्जी, मसाले और पानी को मैश की हुई दाल में डालकर एक सीटी आने के बाद धीमी आँच पर 5 मिनट और पका लें। 4.आप चाहें तो रेडीमेड सांभर मसाला डाल सकती हैं। 

आम पना - Mango Pana



गर्मी के मौसम में शरीर को ठण्डक देने के लिए हम कई तरह के पेय पदार्थो का सेवन करते हैं जैसे कि लस्सी, शेक, शरबत, शिकन्जी आदि। आम का पना भी इनमें शामिल है।आम का पना गर्मी में हमें लू से बचाता है और शरीर को ठण्डक पहुँचाता है। आम का पना कच्चे आम से बनाया जाता है। आम का पना दो तरह से बनाया जाता है एक नमक डालकर नमकीन पना और दूसरा चीनी डालकर मीठा पना। आज हम नमकीन पना बनायेगे। आम का पना बहुत ही कम सामग्री और समय में बन जाता है। तो चलिए शुरु करते हैं आम का पना बनाना.... 


सामग्री  Ingredients

1 कच्चा आम
2 टीस्पून पुदीने का पत्ता
2 टीस्पून भुना जीरा पाउडर
1/4 टीस्पूनकाली मिर्च का पाउडर
1 टीस्पूनकाला नमक
1 टीस्पून चीनी

बनाने की विधि Method

आम को धोकर एक कप  पानी के साथ कुकर में 2 सीटीआने तक या गलने तक पकायें. फिर इसे ठंडा होने पर आम का छिलका और बीज निकाल दें और गुदे को अच्छे मैश कर लें. 
फिर मिक्सी में आम का गुदा,पुदीना के पत्ते डालकर  एक बार चला लें. 
अबइसमें काला नमक, काली मिर्च, चीनी और भुने जीरे का पाउडर और ठण्डा पानी मिला दें सर्विसिंग गिलास में आम का पना डालकर पुदिने के पत्ते से गार्निश करके सर्व करें. 

पानीपूरी(गोलगप्पे) - Panipuri(Golgappe)

पानीपूरी का नाम सुनते ही मुँह में पानी आ जाता है। इसकेऔर बहुत कई नाम हैं जैसे कि गोलगप्पा फुलकी, पुचका, गुपचुप बताशा आदि। पानीपूरी का टेस्ट लगभग हर किसी को पसंद आता है। बाजार में लगभग हर गली में पानीपूरी मिल ही जाता है, लेकिन इस समय लॉकडाउन की वजह से बाजार बन्द है जिसके कारण पानीपूरी का मजा नहीं लें पा रहे हैं तो क्यों न घर पर ही पानीपूरी बना लिया जाए? पानीपूरी बनाने में समय थोड़ा ज्यादा लगता है। इसको आसान करने के लिए पूरी (गोलगप्पे) एक दिन पहले ही बना ले बाकी की तैयारी दूसरे दिन करें। चलिए शुरु करते हैं पानीपूरी बनाना 

सामग्री  Ingridrient
गोलगप्पे(पूरी) के लिए  For  Golgappa
1 कप सूजी
1/4 कप आटा
तलने के लिए तेल
आलू मसाला के लिए  For Aaloo Masala
2-3 आलू
1/4 कप काले चने भिगे हुए
1/2 टीस्पून भुना जीरा पाउडर
1/4 टीस्पून लाल मिर्च पाउडर
1/4 टीस्पून अमचूर पाउडर
1/4 टीस्पून नमक
मटर रगडा के लिए  For Matar Rgada
1/2 कप सफेद मटर
1/4 टीस्पून हल्दी पाउडर
1/4 टीस्पून लाल मिर्च पाउडर
1/2 टीस्पून जीरा पाउडर
1 पिंच हींग
1 टीस्पून तेल
1/4 टीस्पून नमक
2-3 कप पानी
पानी के लिए  For Pani
50 ग्राम आम की सुखी खटाई
6-7 हरी मिर्च
1 इंच अदरक का टुकड़ा
1/2 कप हरा धनिया
1/4 कप पुदीना के पत्ते
2 टीस्पून काला नमक
1/4 टीस्पून सफेद नमक
1 टीस्पून भुना जीरा पाउडर
1 पिंच हींग
बनाने की विधि  Method

गोलगप्पे (पूरी) Golgappe
सबसे पहले किसी गहरे बर्तन में सूजी और आटा को छान लें। इसे अच्छे से मिक्स कर लें फिर इसमें थोड़ा- थोड़ा पानी डालकर मसलते हुए थोड़ा कड़ा आटा गूंथ लें। इसे 30 मिनट के लिए ढककर रख दें ताकि आटा अच्छी तरह से सेट हो जाए ।
30 मिनट के बाद फिर से आटे को मसल लें। अब गोलगप्पे बनाने के लिए आटे से छोटी- छोटी लोईयां तोड़ लें। एक -एक लोई को लेकर चिकना करके गोल- गोल पूरी बेल लें पूरी चपाती से थोड़ा पतली ही रखें। पूरी पर बेलन एकसमान ही चलायें वरना गोलगप्पे फूलेगी नहीं।इसे किसी सूती कपड़े पर या किसी प्लास्टिक की सीट पर रखते जायें और एक सूती कपड़े को गीला करके अच्छी तरह से निचोड़ लें। उसीसे ढक दें। इसी तरह से सारे पूरियां बेल कर तैयार कर लें।  इसे 15 मिनट तक ऐसे ही छोड़ दें। 
अब एक कडाही में तेल डालकर गरम करें जब तेल गरम हो जाए तो गैस कम कर दें एक पूरी को तेल में डालें। इसे कलछी से हिलाते हुए इस पर तेल डालते हुए हल्का सा दबा दें ताकि गोलगप्पे फूल जाये इसी तरह से और पूरी भी डाल दें। एक बार में 4-5 या जितनी आपकी कडाही में आ सके उतनी ही डालें इन्हें गोल्डन व कुरकुरा होने तक तलें। इन्हें जाली सहित किसी प्लेट पर रखे ताकि अतिरिक्त तेल प्लेट पर आ जाये इसी तरह से बाकी बची पूरियां भी तल कर निकाल लें। 
इसे ठंडा होने के लिए 2-3 घंटे खुले ही छोड़ दें। अब इसे किसी एअर टाइट कन्टेनर में भरकर रख दें। जब आपका पानीपूरी खाने का मन करे तब आलू मसाला व तीखा पानी बनाये और पानीपूरी का मजा लें। 
आलू मसाला बनाये  Aaloo masala
2-3 आलू व मिले हुए मिले हुए काले चने को कुकर में 3 सीटी आने तक उबाल लें। अब आलू को छिलकर मैश कर लें। इसमें उबले चने नमक, भूना जीरा पाउडर, लाल मिर्च पाउडर,चाट मसाला डालकर मिला लें। पूरी में भरने के लिए तैयार है। 
मटर रगडा (मटर के छोले ) बनाये  Matar Ragda
मटर को रातभर पानी में भिगो दें मटर फूलने के बाद इसे धोकर कुकर में डालें। इसमें दो कप पानी, नमक, तेल और हींग डालकर ढक्कन बंद करके गैस पर चढा दें। मीडियम आंच पर एक सीटी आने दें। इसके बाद धीमी आंच पर 15 मिनट तक और पकाएं जब प्रेशर खत्म हो जाए तब ढक्कन खोलकर चैक कर लें कि मटर अच्छे से पक गये हैं या नहीं अगर पानी कम है तो और पानी डाल दें। इसमें लाल मिर्च पाउडर, जीरा पाउडर डालकर 5 मिनट और पका लें। मटर पूरी तरह से गल जाना चाहिए मटर को कलछी से थोड़ा मैश करते हुए चला लें। आपका मटर रगडा तैयार है पर पूरी में भरने के लिए। 
पानी बनाये  Pani
आम की खटाई को मिक्सी के जारी में डालकर पिस लें। इसे छलनी में छानकर रेशे को अलग कर दें। फिर हरी मिर्च, पुदीना, अदरक व हरा धनिया को थोड़ा पानी डालकर पिस लें। अब एक गहरे बर्तन में खटाई का पेस्ट हरी मिर्च वाला पेस्ट काला नमक, सादा नमक भुना जीरा पाउडर चाट मसाला और 1 लीटर ठंडा पानी डालकर मिक्स कर लें। इसे ठंडा होने के लिए फ्रीज में रख दें। या तुरंत सर्व करे। आप चाहे तो थोड़ा सा बुंदी भी डाल सकती है।  पानी का स्वाद और अच्छा आये इसके लिए पानी 2-3 घंटे पहले ही बना लें। 
अब पानीपूरी सर्व करने की तैयारी करेंगे। इसके लिए पूरी मे अंगुठे से थोड़ा सा छेद करके इसमें आलू मसाला,मटर व कटे हुए प्याज डाल कर पानी में डुबो कर तीखे व चटपटे पानीपूरी का मजा ले। 

 सुझाव
गोलगप्पे का आटा न बहुत कड़ा और न ही बहुत नरम होना चाहिए। 
आप चाहें तो गोलगप्पे बनाने के लिए बड़ा लोई लेकर एक बड़ी पूरी बेले। इसे किसी ढकन या कटर से छोटी छोटी पुरिया काट ले। 
आलू मसाला या मटर रगडा मे से कोई एक ही बनाये या दोनों आपकी मर्जी। 
पानी मे आम की खटाई की जगह अमचूर पाउडर या नीबू या जलजीरा डाल सकती है। 
हरी मिर्च को अपने हिसाब से कम या ज्यादा कर सकती है। 

chana dal burfi चना दाल बर्फी

चना दाल प्रोटीन, विटामिन्स व मिनरल्स से भरपूर होता है, जो सेहत के लिए बहुत ही लाभदायक होता है। चना दाल से बड़े , पकौड़े व सब्जी बनायी जाती है, लेकिन आज हम आपको चना दाल की बर्फी बनाना बतायेगें।चना दाल बर्फी खाने में बहुत ही स्वादिष्ट होती है। चना दाल बर्फी बनाना बहुत ही आसान है। आइये शुरू करते हैं इसे बनाना... 

सामग्री Ingridrient

चना दाल 1 कप (200 ग्राम) 

चीनी 1 कप (200 ग्राम)

दूध 2 कप (400 ग्राम) 

घी 1/2 कप (100 ग्राम) 

इलायची 5-6

बादाम 20

काजू 20

पिस्ता 1 टेबल स्पून

नारियल का बूरा 1 टेबल स्पून (सजाने के लिए) 

विधि  Method


सबसे पहले चने की दाल को साफ करके पानी में 2 -3 घंटे के लिए भिगो कर रख दें।

2 घंटे बाद दाल को छलनी में डालकर सारा पानी निकाल लें। दाल को 5 मिनट के लिए छलनी में ही रहने दें। ऐसा करने से पानी पूरी तरह से निकल जाएगा। 

सभी ड्राई फ्रूट्स को छोटा- छोटा काट लें। अपनी मनपसंद ड्राई फ्रूट आप चना दाल की बर्फी में डाल सकती हैं।

इलायची के दानों को भी बारीक दरदरा पीस लें इससे चना दाल बर्फी का स्वाद और भी बढ़ जाएगा। 

अब दाल को निकालकर कपड़े पर डालकर थोड़ा सा पोंछ लें।

एक पैन गरम करके इसमें घी डालें, घी जब पिघल जाए तब आप इसमें दाल डालकर इसे लगातार चलाते हुए हल्का सा रंग बदलने और क्रिस्पी होने तक तेज आग पर भूनें, इसे भूनने में 10-15 मिनट लग जाता है। 

जब दाल भुन जाए तब इसे एक प्लेट में निकालकर ठंडा होने के लिए रख दें।

जब दाल हल्की ठंडी हो जाये तब इसे मिक्सर जार में डालकर बारीक सूजी के तरह पिस लें।

पैन में चीनी और दूध डालकर चीनी को दूध में घुलने तक बीच-बीच में चलाएं। दूध में चीनी के घुलने पर गैस मीडियम कर दें इसमें पिसी हुई दाल डालकर अच्छी तरह से चलाये ताकि गुठलिया न बने। साथ ही बचा हुआ घी भी इसमें डालकर मिक्स करें और इसे बर्फी की जमने वाली कन्सिस्टेन्सी तक पकाएं।

पेस्ट गाढ़ा होने पर गैस धीमी कर दें और इसमें थोड़े से मेवे डाल दें। इलायची पाउडर डालकर सारी चीजों को अच्छे से मिलाएं जब आपको ये लगे कि बर्फी के मिश्रण में जमने वाली कन्सिस्टेन्सी आ गई है तब आप गैस को बंद कर दें। इसे पकाने में 15-20 मिनट लग जाते हैं। 

जिस प्लेट या ट्रे में आपको बर्फी बनानी है उस पर घी लगाकर उसे चिकना कर लें इससे बर्फी जमने के बाद प्लेट पर चिपकेगी नहीं। गैस बंद करने के बाद आप सारे मिश्रण को या जितना एक बार में प्लेट में आ जाए उसे डालकर बराबर फैला दें। बर्फी के मिश्रण पर ऊपर से ड्राइ फ्रूट डालें और उन्हें चम्मच से दबा दें इससे वो बर्फी पर अच्छे से चिपक जाएंगे। 

बर्फी को ठंडा होने के लिए कुछ देर तक रख दें। जमने के बाद आप इसे जिस आकार में चाहें वैसे ही चाकू से काटकर इसके पीस बना लें। सर्विंग प्लेट में बर्फी रखकर सर्व करें। आप चाहे तो ऊपर से नारियल के बूरे से गार्निश कर सकती हैं। इस बर्फी को एयरटाइट कन्टेनर में भरकर रख दें। फ्रिज मे रखकर 2-3 हफ्ते तक खाया जा सकता है। 

सुझाव-

बर्फी बनाने से पहले दाल को खाकर या दबाकर भी चैक कर सकती हैं कि दाल भुन गई है या नही। चना दाल को भूनते समय चैक जरूर करें, यह पूरी क्रंची बननी चाहिए।

चाशनी में पिसी हुई दाल डालकर लगातार चलाते हुए पकाएं नहीं तो गुठलियां बन जाती हैं।

बर्फी के प्लेट को 1 मिनट के लिए गरम कर लें इससे बर्फी आसानी से निकल जायेगी। 


जलेबी Jlebi

जलेबी भारत की एक पारम्परिक मिठाई है.जलेबी लगभग सबकी पसंदीदा मिठाई है। जलेबी को कहीं समोसा के साथ खाया जाता है तो कहीं दही या रबड़ी के साथ। लॉकडाउन में अगर जलेबी खाने का मन करे तो क्यों न घर पर ही जलेबी बना लिया जाए।आमतौर जलेबी बनाने के लिये यीस्ट का प्रयोग किया जाता है,लेकिन आज हम बिना यीस्ट के जलेबी बनाएंगे वो भी एकदम कुरकुरी व रसीली। वैसे तो जलेबी बनाना आसान है, लेकिन तेल में इसके आकार को बनाना थोड़ा कठिन है लेकिन कई बार के प्रयास से ये बन ही जाता है, चलिए शुरू करते हैं जलेबी बनाना...               समाग्री- Ingredient 

मैदा- 1 कप (125 ग्राम )  

चावल का आटा-50 ग्राम

चीनी- 2 कप (450 ग्राम ) 

बेकिंग पाउडर - 1/3 छोटी चम्मच   

इलायची- 6-7

नींबू - ½ या 1 छोटी चम्मच रस 

घी या रिफाइन्ड तेल- जलेबी तलने  

बनाने की विधि(Method) -

जलेबी बैटर तैयार करें  

मैदा को एक बड़े बर्तन में लीजिए, बेकिंग पाउडर डालकर मिला लीजिए। अब मैदा में थोड़ा-थोड़ा पानी डालते हुए मैदा की गुठलियां खत्म होने तक चिकना घोलकर बनाकर तैयार कर लीजिए। 

 बैटर को बहुत ज्यादा पतला या ज्यादा गाढ़ा नहीं करना हैं, बैटर तैयार हैं., इतना बैटर बनाने में 3/4 कप पानी लगा है।इस बैटर को गरमी में10-12 घंटे के लिए और ठण्डी में 24 घंटे के लिए रख दें। 

चाशनी - 

अब चाशनी बनाएंगे। इलायची को छीलकर कूट लीजिये।चाशनी बनाने के लिए एक बड़े बर्तन में चीनी और डेढ कप पानी डालकर पकने के लिये रख दीजिए, चीनी को तब तक चलाते रहिये जब तक वह पूरी तरह स‌े पानी में घुल न जाए वरना चीनी तले में चिपक जायेगी हर 1-2 मिनिट में चलाते रहे। चीनी पानी में घुलने के बाद चाशनी को 10 मिनिट और पका लीजिए। 

अब इसे चैक कीजिये, चमचे से 1- 2 बूंद चाशनी की किसी प्याली में निकालिये, ठंडी होने के बाद, उंगली और अंगूठे के बीच चिपकाइये, चाशनी में 1 तार बन रही हो तो, चाशनी बन कर तैयार है, अगर चाशनी में तार बिलकुल नहीं बन रहा है, तब उसे और 1-2 मिनिट पकाइये। 

चाशनी में 1 छोटी चम्मच नींबू का रस‌ मिला लीजिए, जिससे कि चाशनी जमेगी नहीं। इस‌में कुटी हुई इलायची पाउडर डाल कर मिला दीजिए, चाशनी बनकर तैयार हैं। 

जलेबी बनायें
जलेबी बनाने के लिए कड़ाही में घी डालकर गरम  कीजिए।जलेबी बनाने सेे पहले घोल में चावल का आटा डालकर अच्छी तरह फेेट ले,क्योंकि फूूूूलने केे बाद बैटर थोड़ा पतला हो जाता है। जलेबी बनाने के लिए बैटर  तैयार है. जलेबी बनाने के लिए बैटर को किसी प्लास्टिक के कोन या फिर किसी साॅस की बोतल में बैटर भर कर बना सकते हैं या फिर कोन को ग्लास के ऊपर रखकर बैटर को कोन में भर लीजिए। कोन को नीचे से बिलकुल छोटा सा काट लीजिए। मीडियम गरम तेल होने पर, कोन को थोड़ा- थोड़ा दबाते हुए इसकी की धार को हाथ से -गोल गोल चलाते हुये कढ़ाई में डालिये, और जलेबी का आकार दीजिये, जितनी जलेबी कढ़ाई में आ जाय उतनी जलेबी कढ़ाई में डाल दीजिए। 

जलेबी को पलट पलट कर क्रिस्पी और गोल्डन ब्राउन होने तक तल लीजिए। एक बार के जलेबी तलने मे 3 मिनट का समय लगता है। जलेबी के क्रिस्पी और गोल्डन ब्राउन होने पर जलेबी को निकालकर कलछी पर रख लीजिए, जिससे उस‌का अतिरिक्त घी कड़ाही पर वापस चला जाए, और गरम जलेबी को तुरन्त चाशनी में डाल दीजिए। 1-2 मिनट तक जलेबी को चाशनी में डूबा रहने दीजिए, जलेबी के अन्दर चाशनी भर जाती है, उसके बाद उसे चाशनी से निकाल कर प्लेट में रखें। इसी तरह सारी जलेबी तल कर चाशनी में डालकर तैयार कर लीजिए। 

गरमा गरम स्वादिष्ट जलेबी बनकर तैयार हैं, इसे परोसिये और लॉक डाउन में होम मेड जलेबी का मजा लीजिए। 

सुझाव

1-जलेबी के लिए बैटर बहुत ज्यादा पतला या बहुत ज्यादा गाढ़ा नहीं होना चाहिए।  

2-जलेबी तलने के लिए घी मीडियम से थोडा़ सा ज्यादा गरम होना चाहिए।अगर तेल कम गरम होगा तो जलेबी फूलेगी नहीं और अगर ज्यादा गरम होगा तो जलेबी जल्दी से जल जाएगी। 

3-जलेबी को हल्की गरम चाशनी में डुबायें, चाशनी जलेबी के अन्दर तुरन्त चली जायेगी और बहुत अच्छी जलेबी तैयार होंगीं।  यह जलेबी को 8-10 घंटे बाद भी कुरकुरी बनी रहतीं हैं। 

4-आप चाहें तो घोल में एक पिंच लाल या ऑरेंज फूड कलर मिला सकती हैं।   

5-फ्लैट पैन या कढाही का ही प्रयोग करे। 


Covid-19 Pandemic



*बीमारी पहचानिये*

◇  सूखी खाँसी + छींक  =  वायु-प्रदूषण 

○  खाँसी  + बलगम + छींक + बहती नाक  = साधारण ज़ुकाम

●  खाँसी  + बलगम + छींक  + बहती नाक  + शरीर दर्द  + कमजोरी  +  हलका बुखार  = फ्लयू

■  सूखी खाँसी  + छींक  +  शरीर दर्द +  कमजोरी  +  तेज़ बुखार  + साँस लेने में तकलीफ  =  *कोरोनावायरस*

समोसा


समोसा भारत का एक लोकप्रिय स्नैक्स व स्ट्रीट फूड है, जो कि हर गली के दुकान व ठेले पर आसानी से मिल जाता है. इसे मीठी व तीखी दोनों तरह की चटनी के साथ खाया जाता है. कहीं समोसा जलेबी के साथ मार्निंग नाश्ता में खाया जाता है, तो कहीं चाय के साथ शाम के नाश्ते के रूप में खाया जाता है. लाॅकडाउन में दुकानें बंद हैं तो क्यों न घर पर ही समोसा बना लिया जाये? समोसा बनाना आसान है, तो चलिए शुरु करते हैं समोसा बनाना.
समाग्री
बाहरी परत के लिए 
2 कप मैदा(250 ग्राम) 
1/4 टीस्पूनअजवाइन
4 टेबल स्पून मोयन के लिए तेल
1/2 टीस्पून नमक
स्टफिंग के लिए
4 उबले हुए आलू(400 ग्राम) 
1/2 कप मटर उबले हुए
1/2 टीस्पून जीरा
1/2 टीस्पून साबुत धनिया 
1/2 टीस्पून सौंफ
1/2 टीस्पून हल्दी पाउडर
1/2 टीस्पून लाल मिर्च पाउडर
1/2 टीस्पून धनिया पाउडर
1/2 टीस्पून अमचूर पाउडर
1 टीस्पून गरम मसाला
1 इंच अदरक का टुकड़ा
5-6जवा लहसुन
3-4 हरी मिर्च 
1/4 कप बारीक कटा हरा धनिया
नमक स्वादानुसार
तलने के लिए तेल

बनाने की विधि - 
सबसे पहले किसी गहरे बर्तन में मैदान छान लें. इसमें अजवाइन नमक और तेल डालकर अच्छी तरह से मिला लें. इसमें थोड़ा- थोड़ा पानी डालकर पुरी की तरह सख्त आटा गूंथ लें. इसे आधे घन्टे के लिए ढ़ककर रख दें.
अब स्टफिंग बनाने के लिए एक पैन में 2 टेबल स्पून तेल डालकर गर्म करें. इसमें साबुत धनिया, जीरा, सौंफ डालकर चटकायें इसमें कुचले हुए अदरक, लहसुन हरी मिर्च डालकर भूनें. अब सारे मसाले डालकर 1 मिनट तक भून लें.अब उबले हुए आलू ,मटर और नमक डालकर 5 मिनट तक भून लें. कटा हुआ हरा धनिया डालकर अच्छी तरह से मिला लें आपका स्टफिंग तैयार है. इसे ठंडा होने के लिए छोड़ दें. 
आटे से नींबू के बराबर छोटे छोटे गोले बना लें. इससे थोड़ा मोटा पुरी बेल लें.
इन पुरियो को बीच में से काट लें. अब एक टुकड़े को लेकर कटिंग वाले किनारे पर ऊँगली से पानी लगाकर एक दूसरे के ऊपर अच्छी तरह से चिपकाते हुए कोन का आकार दें. इसमें नीचे 1-2 मटर के दाने डालें ताकि कोन सेट हो जाये इसमें 2 टेबल स्पून स्टफिंग डालकर पीछे से प्लीट बनाते हुए ऊपर के किनारे पर पानी लगाकर अच्छी तरह से बंद कर दें. इसी तरह से सारे समोसे बनाकर तैयार कर लें.इन समोसों को 15 मिनट के लिए छोड़ दें.
कढाही में तेल को हल्का गरम कर लें. इसमें 3-4 समोसे या जितने समोसे कढाही में आराम से आ सके उतने ही डालें. इन्हें मीडियम ऑच पर दोनों तरफ से पलटकर कुरकुरे व गोल्डेन ब्राउन होने तक तल लें.
एक बैच के समोसे तलने के बाद गैस बन्द कर दें, ताकि तेल थोड़ा ठंडा हो जाये क्योंकि एकदम गरम तेल में समोसे डालने पर उनमें बब्लस आ जाते हैं. जब तेल थोड़ा ठंडा हो जाये तब दूसरे बैच के समोसे डालकर तले. इसी तरह से सारे समोसे तलकर तैयार कर लें.
गरमागरम समोसे बनकर तैयार हैं. समोसे को अपनी मनपसंद चटनी या चाय के साथ गरमागरम सर्व करें.
सुझाव
1- हलवाई जैसे कुरकुरे समोसे बनाने हैं तो आटा थोड़ा सख्त ही लगाये.
2- आप चाहे तो मटर को बिना उबाले भी डाल सकती हैं, अदरक लहसुन भूनते समय मटर डालकर भून लें फिर इसमें थोड़ा पानी डालकर 2 मिनट पका लें.मटर के जगह भूनी हुई मुंगफली के दाने भी डाल सकती हैं.
3- समोसे भरने के बाद 15 मिनट का रेस्ट दें, इससे समोसे क्रन्ची बनेगें.
4- समोसे कम गरम तेल मे ही डालें और मीडियम ऑच पर ही तले. इससे समोसे पर बब्लस नहीं आते और कुरकुरे भी बनते हैं.
5-अगर समोसे मेहमान के लिए बनाने हैं तो पहले हल्का गोल्डेन ही तले जब सर्व करना हो तब दुबारा तल लें.

बैगन के पकौड़े Baigan Ke Pakode

बैगन के पकौड़े शाम के समय का एक टेस्टी नाश्ता है। खास बात यह है कि बैगन के पकौड़े तुरत फुरत में बनने वाला स्टार्टर है। इसे चाय के साथ या हरी चटनी के साथ गर्मागर्म परोसा जा सकता है। तो चलिए शुरू करते हैं बैगन के पकौड़े बनाना...

सामग्री Ingredients

3-4 बैगन (छोटे आकार का)
1 कप बेसन
1 टीस्पूनअदरक-लहसुन का पेस्ट
3-4 हरी मिर्च का पेस्ट
1/2 टी स्पून हल्दी पाउडर
1/2 टी-स्पून लाल मिर्च पाउडर
1/4 टी-स्पून अमचूर पाउडर
स्वादानुसार नमक

बनाने की विधि  Method of Making

सबसे पहले बैगन को धोकर गोल व पतले टुकडें (आधा सेमी. मोटा) में काट लें।

किसी गहरे बर्तन में बेसन व थोड़ा- थोड़ा पानी डालकर गुठलियां खत्म होने तक फेंटते हुए गाढ़ा घोल बना लें। इसमें लगभग आधा कप पानी लगेगा। अब इसमें बैगन व तेल को छोड़ कर सारी सामग्री डालकर अच्छी तरह से मिला लें।घोल बहुत गाढ़ा या पतला नहीं होना चाहिए।

अब कड़ाही में तेल डालकर गर्म होने के लिए रख दें। बैगन के टुकड़ों को बेसन में डुबोकर एक एक करके‌ गर्म  तेल में डाल दें। एक बार में जितने टुकड़े आराम से तले जा सके उतने डाल दें।

पकौड़े को दोनों तरफ से सुनहरा होने तक तल लें। इसे किचन पेपर पर निकाल लें।
इसी तरह से बाकी बचे हुए पकौड़े भी तल कर निकाल लें।

गर्मागर्म बैगन के पकौड़े अपनी मनपसंद चटनी या चाय के साथ खायें व खिलायें।

लौकी का रायता Lauki Ka Rayta

लौकी का रायता स्वास्थ्य के लिए बहुत ही फायदेमंद साबित होता है। यह खाने में बहुत ही स्वादिष्ट लगता है।लौकी का रायता बनाना बहुत ही आसान है। इसे बनाने में बहुत कम सामग्री और समय लगता है। इसे साइड डिश के रूप में परोस सकते हैं या पराठे , पूरी के साथ खा सकते हैं।

सामग्री  Ingredients

125 ग्राम लौकी
1 कप दही (200 ग्राम)
1/4 टीस्पून लाल मिर्च पाउडर
1 टीस्पून भुना जीरा पाउडर
1/4 टीस्पून काला नमक
1 टेबल स्पून हरा धनिया बारीक कटा हुआ
1 हरी मिर्च बारीक कटी हुई
1 टीस्पून घी
1/4 टीस्पून राई
1 पिंच हींग

बनाने की विधि    Method

सबसे पहले लौकी को धोकर छील लें। इसे कद्दूकस कर लें।

लौकी को उबाल लें। ठंडा होने पर लौकी का पानी निचोड़ दें।

अब किसी गहरे बर्तन में दही को अच्छी तरह से मथ लें। इसमें लौकी काला नमक, हरी मिर्च, जीरा पाउडर डालकर अच्छी तरह से मिक्स कर लें।

तड़का पैन में घी डालकर गरम करें फिर इसमें राई डालें, जब राई चटकने लगे तब गैस बंद कर दें।अब इसमें हींग डालें‌। अब इस तड़के को रायते के ऊपर डाल दें।

सर्विसिंग बाउल में लौकी का रायता निकाल कर ऊपर से लाल मिर्च और हरा धनिया से गार्निश करके सर्व करें।

सुझाव: आप चाहें तो तड़के में राई के जगह जीरा भी डाल सकते हैं।

रायते को फ्रिज में ठंडा करके भी खा सकते हैं। यह और भी स्वादिष्ट लगता है ‌

शाही काजू आलू करी Shahi Kaju Aaloo Curry

शाही काजू आलू की सब्जी एक तरह का मुगलई
पकवान है। इसे गाढ़ी ग्रेवी के साथ बनाया जाता है। दही व काजू इसकी ग्रेवी को स्मूद बनाता है।
यह खाने में बहुत ही टेस्टी लगता है। इसे पराठा या नान के साथ खाया जा सकता है। तो चलिए शुरू करे शाही काजू आलू करी बनाना...

सामग्री  Ingredients

5 आलू छोटे आकार के(200ग्राम)
4 टेबलस्पून काजू
1इंच अदरक का टुकड़ा
5 कली लहसुन
1 हरी मिर्च
2 प्याज बारीक कटे हुए
1 टमाटर
1/2 टी-स्पून कालाजीरा
1 तेज पत्ता
2 हरी इलायची
4 लौंग
1इंच दालचीनी का टुकड़ा
6-7 काली मिर्च
1 टी-स्पून धनिया पाउडर
1/2 टी-स्पून जीरा पाउडर
1/2 टीस्पून हल्दी
1/2 टीस्पून लालमिर्च पाउडर
2 टेबलस्पून कटी हुई हरी धनिया
1/4 कप ताजा दही फेटा हुआ
1/4 कप दूध
4 टेबलस्पून तेल आलू तलने के लिए और सब्जी पकाने के लिए
स्वादानुसार नमक

बनाने की विधि   Method

सबसे ‌पहले आलू को धोकर छील ले फिर 1 इंच के टुकडो में काट लें।

कड़ाही में तेल डाल कर गरम करे, कटे हुए आलू डाल कर सुनहरा होने तक तल लें।बचे हुए तेल में दो चम्मच काजू डाल कर तल लें।

फिर कड़ाही में एक चम्मच तेल डाल कर गरम करें इसमें इलायची, लौंग, दालचीनी, काली मिर्च, काजू डालकर कुछ सेकेंड भूनें फिर प्याज, लहसुन और हरी मिर्च डालकर पारदर्शक होने तक भूनें। इसे प्लेट में निकाल कर ठंडा करके पेस्ट बना लें।

अब उसी कढाई में दो चम्मच तेल डाल कर गरम करे, काला जीरा, तेजपत्ता डाल दें,जब जीरा चटकने लगे तब  प्याज डाल कर सुनहरा होने तक भूनें।
फिर इसमें हल्दी, लाल मिर्च, धनिया पाउडर और जीरा पाउडर डाल कर दो मिनट तक भूनें। फिर इसमें प्याज मसाले का पेस्ट डाल कर 5 मिनट भूनें।

अब टमाटर को पीसकर पेस्ट बना ले। टमाटर का पेस्ट डाल कर तेल अलग होने तक
भूनें ‌।

अब इसमें दही डाल कर पानी सूखने तक भूने, दूध और 1/2 कप पानी डाल कर उबलने दे।अंत में नमक भी डाल दें।

तले हुए आलू और काजू डाल कर ढककर धीमी आंच पर गाढ़ा होने और आलू के पकने तक पकाएं। शाही काजू आलू की सब्जी को हरा धनिया व तले हुए काजू से गार्निश करके गरमागरम पराठे या नान के साथ सर्व करें।

ढोका दलना Dhoka Dlana

ढोका दलना एक प्रसिद्ध व पारम्परिक बंगाली व्यंजन है। इसमें चने की दाल को पीसकर केक (ढोका) बनाया जाता है। इसके टुकड़े करके फ्राई करते हैं। दलना यानी कि ग्रेवी जो टमाटर व मसालों से तैयार किया जाता है। फिर फ्राई टुकड़े को ग्रेवी में डाल कर ढोकला दलना तैयार किया जाता है। खास बात यह है कि इसे बिना लहसुन व प्याज के बनाया जाता है। इसलिए इसे पूजा के समय भी बनाया जाता है।

सामग्री  Ingredients

ढोका के लिए

1 कप चना दाल
1/4 टीस्पून हल्दी पाउडर
1/2 इंच अदरक का टुकड़ा
1/2 टीस्पून जीरा
2 हरी मिर्च
2 पिंच हींग
2 टेबल स्पून तेल
स्वादानुसार नमक

दलना(ग्रेवी) के लिए

2 बड़े टमाटर
2 हरी मिर्च
1/2 इंच अदरक का टुकड़ा
1/2 टी-स्पून जीरा
1/2 टी-स्पून जीरा पाउडर
1 टी-स्पून लाल मिर्च पाउडर
1 टीस्पून धनिया पाउडर
1 टेबल स्पून घी
1/2 टी-स्पून गरम मसाला
1/4 छोटा चम्मच हल्दी पाउडर
2 पिंच हींग
तेल तलने के लिए और मसाला भूनने के लिए
स्वादानुसार नमक

बनाने की विधि  Method

सबसे पहले चना दाल को धो कर 4-5 घंटे के लिए भिगो दे, फिर दाल , अदरक वाली हरी मिर्च को बारीक पीस ले। थोड़ा पानी डाल दें दाल अच्छे से पीस जायेगा।

अब एक कढाई में दो चम्मच तेल गरम करे और जीरा चटकाए  हींग और हल्दी डाले फिर पिसी हुई दाल और नमक डाल दे। इसे ‌लगातार चलाते हुए भूने, जब दाल भुन के पक जाये और उसका पानी सूख जाये तब गैस बंद कर दे। लगभग 10   मिनट तक पकाएं।

अब एक बड़ी थाली में तेल लगा ले और दाल को उसके ऊपर करीब आधा इंच पतला फैला दे, और ठंडा होने दे। ठंडा होने के बाद डायमण्ड शेप या मनचाहे शेप में टुकड़े काट ले, फिर एक कढाई में तेल गरम करे और दाल के टुकडो को उसमे डाल कर हल्का सुनहरा होने तक तल ले, सारे टुकड़े इसी तरह से तल के अलग रख ले।

टमाटर, हरी मिर्च और अदरक का पेस्ट बना लें।
अब एक कढाई में दो चम्मच तेल गरम करे, फिर जीरा डाले, हींग डाले, फिर पिसा हुआ टमाटर का पेस्ट डाल के भूने, धनिया पाउडर, हल्दी पाउडर , लाल मिर्च पाउडर और जीरा पाउडर डाल कर तेल के अलग होने तक भूनें। इसमें नमक भी डाल दें।

फिर 2 कप पानी डाल कर धीमी आंच पर उबलने दे, उबलने के बाद तले हुए टुकड़े डाले और करीब 5-6 मिनट तक और पकाए, गरम मसाला डाल के गैस बंद कर दे।

लिजिए तैयार है ढोका दलना। इसे सर्विसिंग बाउल में निकाल कर  ऊपर से हरी धनिया से सजाकर चावल के साथ सर्व करें।

बेसन के लड्डू Besan Ke Ladoo

2 कप बेसन (200 ग्राम)
1 कप चीनी पिसा हुआ (200 ग्राम)
1/2 कप घी(100 ग्राम)
4 इलायची
10-12 काजू

बनाने की विधि  Method

सबसे पहले बेसन को छान लें।

कढाही में घी डालकर गर्म करें। इसमें बेसन डालकर चमचे से लगातार चलाते हुए सोंधी खुशबु व ब्राउन होने तक भूनें। इसे थाली में निकाल कर ठंडा होने के लिए रख दें।

जब तक बेसन ठंडा हो रहा है तब तक इलायची को पीस लें और काजू को भी बारीक - बारीक काट कर रख लें।

अब बेसन में चीनी, इलायची व काजू डालकर अच्छी तरह से से मिला लें। अब इस मिश्रण से थोड़ा मिश्रण हाथ में लेकर नींबू के बराबर गोल - गोल लड्डू बना लें।

सुझाव- मोटा व दानेदार बेसन ही लें लड्डू स्वादिष्ट बनेंगें।

चौलाई का साग Chaulai Ka Saag

चौलाई को अमरनाथ नाम से भी जाना जाता है। चौलाई में आयरन और विटामिन प्रचुर मात्रा में पाया जाता है जो स्वास्थ्य के लिए बहुत ही फायदेमंद है। इसलिए चौलाई साग को अपने भोजन में जरुर शामिल करना चाहिए। आज हम चौलाई का साग बनायेंगे, जो बहुत ही पौष्टिक व स्वादिष्ट लगता है। तो चलिए शुरु करे....

सामग्री    Ingredients
250 ग्राम चौलाई
2 प्याज मध्यम आकार के
4 कली लहसुन
1/2 इंच अदरक का टुकड़ा
2 हरी मिर्च
1 साबुत लाल मिर्च
1/2 टीस्पून मेथी
स्वादानुसार नमक
1 टेबल स्पून तेल

बनाने की विधि   Method
सबसे पहले चौलाई को साफ करके इसकी मोटी डंडी हटा कर नरम भाजी ही लें। अच्छी तरह से धोकर अलग रख लें।

अब प्याज को पतला - पतला काट लें। लहसुन व हरी मिर्च को भी बारीक काट लें। अदरक को कुचल लें।

चौलाई का पानी निथार कर बारीक काट लें।

कड़ाही में तेल डालकर गर्म करें। इसमें मेथी डालकर चटकाए। इसमें लहसुन डालकर हल्का सुनहरा होने दें। अब इसमें हरी मिर्च अदरक डालकर भूनें इसमें लाल मिर्च भी तोड़कर डाल दें। इसमें प्याज डालकर हल्का सुनहरा होने तक भूनें। अब इसमें कटी हुई चौलाई और नमक डालकर अच्छी तरह से मिलाकर ढककर धीमी आँच पर 10 मिनट तक पकने दें।
जब चौलाई पानी छोड़ दें और साग थोड़ा नरम हो जाये तब ढक्कन खोल दें व आँच तेज करके पानी सूखने तक पकाएँ।

सुझाव- साग में नमक कम ही डाले क्योंकि चौलाई क्षारीय (नमकीन) होता है।

कुरकुरी भिन्डी Kurkuri Bhindi

भिन्डी हमारे हेल्थ के लिए बहुत ही फायदेमंद है, लेकिन कुछ लोग इसे पसंद नहीं करते हैं कारण है इसका चिपचिपापन। लेकिन आज हम कुरकुरी भिन्डी बनायेगें जिसे हर कोई खाना चाहेगा। यह बहुत ही स्वादिष्ट लगती हैं। चलिये शुरु करें कुरकुरी भिन्डी बनाना......

सामग्री  Ingredient

250 ग्राम भिन्डी
4 टेबल स्पून बेसन
1/4 टीस्पून हल्दी
1/2 टीस्पून धनिया पाउडर
1/4 टीस्पून गरम मसाला
1/2 टीस्पून अमचूर पाउडर
1/2 टीस्पून लाल मिर्च पाउडर
स्वादानुसार नमक
तेल

बनाने की विधि  Method

सबसे पहले भिन्डी को अच्छी तरह से धोकर कपड़े से पोंछ कर सुखा लें।

अब भिन्डी के ऊपर और नीचे की तरफ से थोड़ा सा काटकर हटा दें। भिन्डी को लम्बाई बीच में से दो टुकड़े में काट लें। अब एक भाग को चार पतले-पतले टुकड़े में काट लें। भिन्डी का बीज निकाल दें।

किसी गहरे बर्तन में भिन्डी, बेसन, अमचूर पाउडर और सारे मसाले और नमक डालकर अच्छी तरह से मिला लें। बेसन भिन्डी के ऊपर अच्छी तरह से कोट हो जाना चाहिए। इसे 30मिनट के लिए ढककर रख दें।

अब पैन में तेल डालकर गर्म करें इसमें भिन्डी डाल दें। जितनी भिन्डी आराम से आ सके उतनी ही डाले। आँच को मीडियम कर दें। भिन्डी को एक तरफ से सुनहरा होने के बाद दूसरी तरफ पलट दें। कुरकुरी होने तक भिन्डी तलें।

इसी तरह से बाकी बचे भिन्डी को भी तल लें।

आपकी कुरकुरी भिन्डी बनकर तैयार है। आप इसे दाल चावल के साथ साइड डिश के रुप में परोस सकते हैं या वैसे ही चाय के साथ स्नैक्स के रूप में खा सकते हैं।

सुझाव- भिन्डी तलते वक्त तेल पूरी तरह से गर्म होना चाहिए। तेल कम गरम होने पर भिन्डी ज्यादा तेल सोख लेती है।

भिन्डी को मीडियम व कम आँच पर ही तलें तभी भिन्डी कुरकुरे बनेगें।

अगर कम तेल खाना चाहते हैं तो, इसे सैलो फ्राइ करें।

कार्न टिक्की Corn Tikki

बरसात का मौसम आते ही मार्केट में भुट्टे(मकई)मिलने लगते हैं। भुट्टे को ज्यादातर आग में सेंककर ही खाया जाता है, लेकिन आज हम भुट्टे की टिक्की बनायेंगे जो खाने में बहुत ही चटपटा व टेस्टी लगता है। इसे ब्रेकफास्ट या शाम को स्नैक्स या पार्टी स्नैक्स के रूप में भी परोसा जा सकता है। चलिए कार्न टिक्की बनाना शुरु करें....

सामग्री   Ingredients
1 कप मकई के दाने
2 उबले आलू(मध्यम आकार के)
1/2 कप ब्रेड क्रम्ब्स
4 हरी मिर्च(बारीक कटी हुई)
1/2 इंच अदरक का टुकड़ा (बारीक कटे हुए)
5 कली लहसुन (कुचले हुए)
2 टेबल स्पून हरा धनिया(बारीक कटा हुआ)
1/4 टीस्पून लाल मिर्च पाउडर
1/2 टी स्पून गरम मसाला
1/2 टी स्पून अमचूर पाउडर
स्वादानुसार नमक
सेकने के लिए तेल

बनाने की विधि Method
सबसे पहले प्रेशर कुकर में मकई और आधा कप पानी डालकर गैस पर रखें। 3-4 सीटी आने के बाद गैस बन्द कर दें। छलनी में छान लें।

अब आलू को छिलकर मैश कर लें।

उबले मकई में से 2 टेबल स्पून मकई निकाल कर अलग रख लें, बाकी मकई को मिक्सी में पीस लें।

अब तेल को छोड़कर सारी सामग्री को एक गहरे बर्तन में डालकर अच्छी मिलाकर मिश्रण तैयार कर लें।

इस मिश्रण को 10-12 भाग में बाँट लें। इनसे गोल गोल  टिक्की बना लें।

अब पैन या तवे पर 1 टेबल स्पून तेल डालकर गर्म करें इस पर 4 टिक्की रख दें। एक तरफ से ब्राउन होने पर दूसरी तरफ पलट दें। दूसरी तरफ से भी ब्राउन होने तक सेंक लें। इसी तरह से बाकी बचे टिक्की भी सेंक लें।

आपकी कार्न टिक्की बनकर तैयार है। आप इसे अपनी मनपसंद चटनी या चाय के साथ खायें व खिलायें।

सुझाव- टिक्की सेंकते समय आँच धीमी रखे ताकि टिक्की कुरकुरी बने।
ब्रेड क्रम्ब की जगह पोहा डाल सकते हैं।

मालपुआ Malpua

मालपुआ एक पारम्परिक व्यंजन है। यह खासकर नार्थ इन्डियन घरों में बनाया जाता है। इसे तीज-त्यौहार व कथा वगैरह में प्रसाद के रूप में भी बनाया जाता है। वैसे तो मालपुए अलग-अलग जगह पर अलग अलग तरीके से बनाया जाता है जैसे मैदा में दूध मिलाकर, मावा मिलाकर, या फलों को मिक्स करके मालपुए बनाये जाते हैं। पारम्परिक रुप से मालपुआ आटे से ही बनाये जाते हैं, लेकिन आज हम मैदा और दूध से मालपुए बनाऐगें। फिर चाशनी में डुबोकर सर्व करेंगे। खाने में बहुत ही स्वादिष्ट लगता है। चलिए शुरु करें मालपुए बनाना......

सामग्री   Ingredients

1 लीटर फुल क्रीम दूध 
30 ग्राम मैदा 
2 बड़े चम्मच चीनी 
1/4 चम्मच इलाइची पाउडर 
घी फ्राई करने के लिए 

चाशनी बनाने के लिए 
300 ग्राम चीनी 
केसर के कुछ धागे 

सजाने के लिए 
2 बड़े चम्मच बादाम और पिस्ता (बारीक कटे हुए)

बनाने की विधि   Method

सबसे पहले दूध को किसी भारी बर्तन में उबाले, जब दूध गाढ़ा (आधे से कम) हो जाये तो गैस बंद कर के दूध को ठंडा होने दे।

चीनी और 1 कप पानी मिला के गैस पर चढ़ा दे। एक चम्मच दूध  में केसर भिगो दें। जब चाशनी उबलने लगे उसके बाद 4-5 मिनट और पका लें। एक तार की चाशनी बन जाये तो गैस बंद कर के केसर मिला दे।

अब ठन्डे दूध में मैदा इलाइची पाउडर और 2 चम्मच चीनी मिला के जलेबी जैसा घोल बना ले।घोल न ज्यादा गाढा चाहिए और न ज्यादा पतला होना चाहिए। इसे 3 घंटे के लिए ढककर रख दें।

अब एक सपाट पैन या कम गहरी कढाही गरम करे उसमे घी डाले और एक बड़ा चम्मच या आधा चम्मच घोल डाले घोल अपने आप ही फैल जायेगा। धीमी आंच पर पकने दे।

जब पुए के किनारे सुनहरे होने लगे (लगभग दो मिनट बाद) तो उसे पलट के दूसरी तरफ से भी सेक ले।

दोनों तरफ से सिकने के बाद पुए निकालकर चाशनी में डाल दे। इसी तरह से बाकी लगभग घोल से पुए बनाकर चाशनी में डाल दें।

फिर चाशनी से मालपुए निकाल कर पिस्ता और बादाम से सजाकर गरम गरम परोसे।

आप चाहें तो मालपुए को रबड़ी के साथ भी खा सकते हैं। इसका स्वाद बढ़ जाता है।

सुझाव: पैन छोटा है तो एक बार में एक ही मालपुआ डालें अगर पैन बड़ा है तो 2-3 मालपुए डाल सकते हैं।